रोहतक, 25 मई। उपायुक्त एवं जिला निर्वाचन अधिकारी सचिन गुप्ता ने कहा कि भारत निर्वाचन आयोग एवं मुख्य निर्वाचन अधिकारी, हरियाणा के निर्देशानुसार आगामी 15 जून 2026 से मतदाता सूचियों को विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) किया जायेगा। कार्यक्रम के अनुसार 15 जून से 14 जुलाई 2026 तक गणना का कार्य होगा। इस अभियान का उद्देश्य मतदाता सूची को त्रुटिरहित बनाना तथा मृत, स्थानांतरित अथवा डुप्लीकेट मतदाताओं के नाम हटाकर वास्तविक मतदाताओं का सही रिकॉर्ड तैयार करना है।
सचिन गुप्ता आज लघु सचिवालय स्थित वीडियो कॉन्फ्रेंस हॉल में राजनीतिक पार्टियों के प्रतिनिधियों के साथ मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम बारे विचार विमर्श कर रहे थे। इस अवसर पर स्थानीय विधायक भारत भूषण बत्तरा एवं विभिन्न राजनीतिक पार्टियों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। सचिन गुप्ता ने राजनीतिक पार्टियों के प्रतिनिधियों का आह्वान किया कि वे इस अभियान में पूर्ण सहयोग करें तथा मतदाता सूचियों को त्रुटिरहित बनाने में योगदान दें। बैठक में गणना फॉर्म भरने एवं एसआईआर बारे पीपीटी के माध्यम से विस्तृत जानकारी दी गई।
जिला निर्वाचन अधिकारी सचिन गुप्ता ने कहा कि सभी राजनीतिक पार्टियां बीएलए 1 व 2 शीघ्र नियुक्त करें। अब तक कांग्रेस एवं बीजेपी द्वारा बीएलए 1 एजेंट नियुक्त किए गए है तथा कांग्रेस पार्टी द्वारा बीएलए 2 एजेंट नियुक्त किए गए है। शेष राजनीतिक दल बीएलए 1 व 2 जल्द नियुक्त करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि एसआईआर वोट घटाने की प्रक्रिया नहीं, बल्कि मृत /दोहरे नाम हटाकर सही और पात्र मतदाताओं को शामिल करने की वैधानिक प्रक्रिया है।
उपायुक्त सचिन गुप्ता ने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की प्रक्रिया 15 जून से शुरू की जाएगी, जिसका उद्देश्य मतदाता सूची को त्रुटिरहित बनाना तथा मृत, स्थानांतरित अथवा डुप्लीकेट मतदाताओं के नाम हटाकर वास्तविक मतदाताओं का सही रिकॉर्ड तैयार करना है। आयोग की हिदायतों अनुसार एसआईआर संपूर्ण होने के उपरांत मतदान केंद्रों का रेशनलाइजेशन / युक्तिकरण किया जायेगा। मतदाता सूची 2002 को ऑनलाइन मुख्य निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट सीईओ हरियाणा डॉट जीओवी डॉट इन पर जाकर देखा जा सकता है।
सचिन गुप्ता ने कहा कि मतदाताओं की सुविधा के लिए जिला कॉल सेंटर (1950) को सक्रिय किया गया है। कोई भी मतदाता मतदाता सूची से संबंधित जानकारी एवं सहायता प्राप्त करने के लिए इस नंबर पर संपर्क कर सकता है। संविधान के अनुच्छेद 326 के अनुसार केवल भारतीय नागरिक ही मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने के पात्र हैं। आयोग का दायित्व है कि कोई भी अपात्र व्यक्ति मतदाता सूची में शामिल न हो तथा कोई भी पात्र नागरिक वंचित न रहे। उन्होंने कहा कि हरियाणा में विशेष गहन पुनरीक्षण का कार्य अंतिम बार वर्ष 2002 में किया गया था।
सचिन गुप्ता ने कहा कि इस अभियान के तहत बीएलओ घर-घर जाकर मतदाताओं का सत्यापन करेंगे तथा आवश्यक दस्तावेजों की जांच करेंगे। आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार किसी भी मतदाता का नाम बिना उचित जांच एवं सुनवाई का अवसर दिए प्रारूप सूची से नहीं हटाया जाएगा। उपायुक्त ने कहा कि यदि कोई व्यक्ति निर्वाचन पंजीकरण अधिकारी (ईआरओ) के निर्णय से असंतुष्ट होता है, तो वह जिला मजिस्ट्रेट तथा बाद में मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के समक्ष अपील कर सकेगा। इसके अतिरिक्त राज्य के बाहर से स्थानांतरित होकर आने वाले नागरिकों को मतदाता पंजीकरण के लिए प्रपत्र-6 के साथ अतिरिक्त घोषणा-पत्र भी जमा करना होगा। बैठक में चुनाव तहसीलदार सरला सहित विभिन्न राजनीतिक पार्टियों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
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